स्वतंत्रता दिवस 2023: लालकिले से PM मोदी के भाषण की वो 5 बातें, जो विपक्षियो के लिये प्रहार से कम नही

स्वतंत्रता दिवस पर अपने संबोधन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आम चुनाव 2024 का एजेंडा सेट कर दिया। लालकिले के प्राचीर से पीएम मोदी ने जनता से मदद भी मांगी और आशीर्वाद भी। मोदी ने कहा कि अगले 5 साल ‘अभूतपूर्व विकास’ के हैं। उन्होंने ऐलान किया, ‘अगली बार 15 अगस्त को इसी लाल किले से मैं आपको देश की उपलब्धियां, आपके सामर्थ्य, आपके संकल्प, उसमें हुई प्रगति, उसकी सफलता और गौरवगान… पूरे आत्मविश्वास से आपके सामने प्रस्तुत करूंगा।’ मोदी ने किसी का नाम नहीं लिया मगर विपक्ष पर हमले खूब किए। भ्रष्टाचार, परिवारवाद और तुष्टिकरण को ‘तीन बुराइयों’ के रूप में गिनाते हुए पीएम ने कहा ये मोदी के जीवन का कमिटमेंट है कि वे इनसे लड़ाई लड़ते रहेंगे। मोदी ने लाल किले के प्राचीर से कई बातें कहीं जो मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस को चुभ जाएंगी। ऐसी 5 बड़ी बातें जानिए।
मैं पसीना भी बहाता हूं तो आपके लिए
इशारों में विपक्षी दलों पर निशाना साधते हुए पीएम ने कहा, ’25 साल से देश में चर्चा चल रही थी कि नया संसद भवन बनेगा। यह मोदी है जिसने समय के पहले संसद बनाकर रख दिया।’ कई विपक्षी दलों ने नए संसद भवन के उद्घाटन का बहिष्कार किया था।
मोदी ने लालकिले की प्राचीर से कहा, ‘ नया भारत है, आत्मविश्वास से भरा हुआ भारत है, ये संकल्पों को चरितार्थ करने के लिए जी-जान से जुटा हुआ भारत है। इसलिए ये भारत, न रुकता है, न थकता है, न हांफता है और न ही ये भारत हारता है। आज भारत पुरानी सोच, पुराने ढर्रे को छोड़ करके, लक्ष्यों को तय करके, लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए चल रहा है। जिसका शिलान्यास हमारी सरकार करती है, उसका उद्घाटन भी हम अपने कालखंड में ही करते हैं। इन दिनों मैं जो शिलान्यास कर रहा हूं, उनका उद्घाटन भी मेरे नसीब में है।’
मोदी ने आगे कहा, ‘मैं आप में से आता हूं, मैं आपके बीच से निकला हूं, मैं आपके लिए जीता हूं। अगर मुझे सपना भी आता है तो आपके लिए आता है, अगर मैं पसीना भी बहाता हूं तो आपके लिए बहाता हूं। इसलिए नहीं कि आपने मुझे ये दायित्व दिया, ये मैं इसलिए कर रहा हूं क्योंकि आप मेरे परिवारजन हैं और मैं आपके किसी दुख को नहीं देख सकता हूं।’
एक ही परिवार कैसे चला चला सकता है राजनीतिक दल?
पीएम मोदी ने स्वतंत्रता दिवस पर अपने संबोधन में कहा कि आज परिवारवाद और तुष्टीकरण ने हमारे देश को बर्बाद कर दिया है। उन्होंने किसी का नाम लिए बिना उन दलों पर निशाना साधा जिनका नियंत्रण एक परिवार के पास है। पीएम ने कहा, ‘किसी राजनीतिक दल का प्रभारी केवल एक ही परिवार कैसे हो सकता है? उनके लिए उनका जीवन मंत्र है- परिवार की पार्टी, परिवार द्वारा और परिवार के लिए।’
“मैं लालकिले से आपकी मदद मांगने आया हूं, मैं आपका आशीर्वाद मांगने आया हूं। आजादी के अमृतकाल में 2047 में, जब देश आजादी के 100 साल मनाएगा, उस समय दुनिया में भारत का तिरंगा झंडा विकसित भारत का तिरंगा झंडा होना चाहिए। 2019 में परफॉर्मेंस के आधार पर आप सबने हमें फिर से आशीर्वाद दिया।परिवर्तन का वादा मुझे ले आया और आने वाले 5 साल अभूतपूर्व विकास के हैं। 2047 के सपने को साकार करने के सबसे बड़े स्वर्णिम पल आने वाले 5 साल हैं। अगली बार 15 अगस्त को इसी लाल किले से मैं आपको देश की उपलब्धियां, आपके सामर्थ्य, आपके संकल्प, उसमें हुई प्रगति, उसकी सफलता और गौरवगान… पूरे आत्मविश्वास से आपके सामने प्रस्तुत करूंगा।”
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी
लालकिले के प्राचीर से पीएम मोदी ने कहा, ‘अगर सपनों को सिद्ध करना है और संकल्प को पार करना है तो हमें तीन बुराइयों से लड़ना होगा। पहली लड़ाई भ्रष्टाचार के खिलाफ है, दूसरी लड़ाई परिवारवाद के खिलाफ है, और तीसरी लड़ाई तुष्टिकरण के खिलाफ है। भ्रष्टाचार ने हमारे देश को दीमक की तरह नोंच लिया है… लेकिन ये मोदी के जीवन का कमिटमेंट है कि मैं भ्रष्टाचार के खिलाफ लड़ाई लड़ता रहूंगा। दूसरा, परिवारवाद ने हमारे देश को नोंच लिया है। इस परिवारवाद जिस तरह से देश को जकड़ के रखा है, इसने लोगों का हक छीना है। तीसरी बुराई तुष्टिकरण की है। इस तुष्टिकरण ने देश की मूलभूत चिंतन को, हमारे राष्ट्रीय चरित्र को दाग लगा दिए हैं। तहस-नहस कर दिया है। इसलिए हमें इन बुराइयों…भ्रष्टाचार, परिवारवाद और तुष्टिकरण के साथ पूरे सामर्थ्य के साथ लड़ना है।‘



