
रायपुर, 11 फरवरी 2026। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में मंत्रालय महानदी भवन में आयोजित मंत्रिपरिषद की बैठक में कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में विधानसभा सत्र, बजट उपस्थापन और किसानों के हित में अहम फैसलों को मंजूरी दी गई।
विधानसभा सत्र को मंजूरी
मंत्रिपरिषद ने छत्तीसगढ़ की षष्ठम् विधानसभा के अष्टम् सत्र (फरवरी-मार्च 2026) के लिए राज्यपाल के अभिभाषण के प्रारूप का अनुमोदन किया। यह सत्र आगामी नीतिगत और वित्तीय प्रस्तावों के लिए अहम माना जा रहा है।
विनियोग विधेयक को स्वीकृति
मंत्रिपरिषद ने वर्ष 2026-27 के बजट अनुमान को विधानसभा में प्रस्तुत करने के लिए छत्तीसगढ़ विनियोग विधेयक-2026 के प्रारूप को मंजूरी दी। इससे आगामी वित्तीय वर्ष के लिए सरकार की आय-व्यय संबंधी रूपरेखा सदन में रखी जाएगी।
किसानों के लिए बड़ा फैसला
बैठक में सबसे अहम निर्णय समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले किसानों के हित में लिया गया।
राज्य सरकार ने 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से अंतर राशि होली पर्व से पहले एकमुश्त भुगतान करने का निर्णय लिया है।
खरीफ विपणन वर्ष 2025-26 में प्रदेश के 25 लाख 24 हजार 339 किसानों से 141.04 लाख मीट्रिक टन धान की खरीदी की गई है। कृषक उन्नति योजना के तहत धान के मूल्य के अंतर की राशि के रूप में लगभग 10 हजार करोड़ रुपए का भुगतान होली से पहले किया जाएगा।
देश में सर्वाधिक दर का दावा
उल्लेखनीय है कि राज्य में प्रति एकड़ 21 क्विंटल धान की खरीदी 3100 रुपए प्रति क्विंटल की दर से की जा रही है, जो देश में सर्वाधिक है।
पिछले दो वर्षों में कृषक उन्नति योजना के तहत किसानों को 25 हजार करोड़ रुपए से अधिक की राशि का भुगतान किया जा चुका है। इस वर्ष होली से पहले 10 हजार करोड़ रुपए के अतिरिक्त भुगतान के बाद यह कुल राशि बढ़कर 35 हजार करोड़ रुपए हो जाएगी।
कैबिनेट के इन फैसलों को प्रदेश के किसानों और आगामी बजट सत्र के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।



