विश्व आर्द्रभूमि दिवस पर ‘वूमेन फॉर वेटलैण्ड्स’ अभियान का पोस्टर लॉन्च: मुख्यमंत्री बोले—जल-स्रोत बचेंगे तो जीवन बचेगा

रायपुर, 04 फरवरी 2026।
विश्व आर्द्रभूमि दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने मुख्यमंत्री निवास में ‘वूमेन फॉर वेटलैण्ड्स’ अभियान के पोस्टर का विमोचन किया। इस दौरान उन्होंने प्रदेश में आर्द्रभूमि और प्राकृतिक जल-स्रोतों के संरक्षण के लिए चल रहे प्रयासों की सराहना की और इसे पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जल ही जीवन है और आर्द्रभूमियां मानव सभ्यता की अमूल्य धरोहर हैं। नदियां, तालाब, कुएं, पोखर और आर्द्रभूमियां केवल जल-स्रोत नहीं, बल्कि जीवनदायिनी प्रकृति की पहचान हैं। इन्हें बचाना हम सभी का सामूहिक दायित्व है। उन्होंने मातृशक्ति की भागीदारी को इस अभियान की सबसे बड़ी ताकत बताते हुए कहा कि महिलाओं की सहभागिता से जल-संरक्षण जन-आंदोलन का रूप ले सकता है।
प्रज्ञा निर्वाणी चला रहीं प्रदेशव्यापी जन-जागरूकता अभियान
‘वूमेन फॉर वेटलैण्ड्स’ अभियान की संस्थापक और महिला मोर्चा की जिला अध्यक्ष प्रज्ञा निर्वाणी प्रदेशभर में आर्द्रभूमि संरक्षण को लेकर व्यापक जन-जागरूकता अभियान चला रही हैं। अभियान के तहत तालाबों, नहरों, कुओं, नदियों और अन्य प्राकृतिक जल-स्रोतों के संरक्षण के लिए महिलाओं को संगठित किया जा रहा है।
इस अवसर पर प्रज्ञा निर्वाणी ने नवागढ़ स्थित गिधवा-परसदा-नगधा पक्षी विहार क्षेत्र को रामसर साइट घोषित करने की मांग को लेकर मुख्यमंत्री को ज्ञापन भी सौंपा। मुख्यमंत्री ने कहा कि महिलाएं प्रकृति की प्रथम संरक्षक हैं और उनके आगे आने से जल-स्रोत संरक्षण एक सशक्त जन-आंदोलन बनेगा।
पोस्टर विमोचन कार्यक्रम में प्रसन्ना अवस्थी, प्राची शर्मा, प्रणीता शर्मा, आरविका अवस्थी सहित अन्य गणमान्यजन उपस्थित रहे।



