
रायपुर, 16 अप्रैल 2026/ पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर नारी शक्ति महासम्मेलन का भव्य आयोजन हुआ। कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक संगठनों की हजारों महिलाएं बड़ी संख्या में शामिल हुईं। पूरे आयोजन में उत्साह, आत्मीयता और महिला सशक्तिकरण के संदेश की झलक देखने को मिली।

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कहा कि 21वीं सदी में नारी शक्ति वंदन अधिनियम एक ऐतिहासिक और महत्वपूर्ण निर्णय है। उन्होंने कहा कि संसद में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण सुनिश्चित करने की दिशा में केंद्र सरकार लगातार कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का उल्लेख करते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में महिलाओं के सम्मान और सशक्तिकरण के लिए अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं, जिनमें बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ, सुकन्या समृद्धि योजना, उज्ज्वला योजना और लखपति दीदी जैसी पहल शामिल हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आधुनिक भारत के निर्माण में महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है और देश की राष्ट्रपति के रूप में द्रौपदी मुर्मू का पद पर होना इसका उदाहरण है। उन्होंने कार्यक्रम में मौजूद महिलाओं पर पुष्पवर्षा कर उनका अभिनंदन किया।
भाजपा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सरोज पांडेय ने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 में पारित हुआ एक ऐतिहासिक कदम है। उन्होंने कहा कि यह अधिनियम महिलाओं को राजनीतिक भागीदारी में 33 प्रतिशत आरक्षण देने की दिशा में निर्णायक भूमिका निभाएगा और 2029 से इसका प्रभावी क्रियान्वयन संभव होगा।


महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी रजवाड़े ने कहा कि यह अधिनियम केवल कानून नहीं बल्कि करोड़ों महिलाओं के संघर्ष और योगदान का सम्मान है। इससे नीति निर्माण और नेतृत्व में महिलाओं की भागीदारी बढ़ेगी और विकसित भारत के लक्ष्य को मजबूती मिलेगी।
कार्यक्रम के दौरान माहौल उत्साहपूर्ण रहा। महिलाओं ने मुख्यमंत्री के साथ सेल्फी लेने में विशेष रुचि दिखाई, जहां मुख्यमंत्री ने भी सहजता से उनके साथ तस्वीरें लीं। कार्यक्रम का संचालन महापौर मीनल चौबे ने किया और आभार प्रदर्शन सांसद रूपकुमारी चौधरी ने किया।
इस अवसर पर पद्मश्री उषा बारले सहित अनेक सामाजिक क्षेत्र की महिला विभूतियां उपस्थित रहीं। मुख्यमंत्री ने आयोजन में दर्शक दीर्घा की अंतिम पंक्ति में बैठकर कार्यक्रम में भागीदारी की और महिलाओं के सम्मान में पुष्पवर्षा की।
कार्यक्रम की शुरुआत बाइक रैली से हुई जो आजाद चौक से शुरू होकर ऑडिटोरियम तक पहुंची। अंत में महिला मोर्चा द्वारा पदयात्रा निकालकर प्रधानमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया गया।



