खेलछत्तीसगढ़

‘आर्चरी में नंबर-1 बनेगा छत्तीसगढ़’: ज्ञानेश्वरी के प्रदर्शन के बाद अरुण साव का बड़ा प्लान, हॉकी लीग की भी तैयारी

रायपुर, 04 अगस्त 2026

कॉमनवेल्थ गेम्स में छत्तीसगढ़ की बेटी ज्ञानेश्वरी यादव के शानदार प्रदर्शन के बाद प्रदेश सरकार अब खेलों के विकास को नई गति देने की तैयारी में है। खेल मंत्री अरुण साव ने खेल सचिव यशवंत कुमार की मौजूदगी में प्रदेश की खेल अधोसंरचना और आगामी योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि सरकार का लक्ष्य छत्तीसगढ़ को तीरंदाजी (आर्चरी) के क्षेत्र में देश का अग्रणी राज्य बनाना है। इसके साथ ही प्रदेश में जल्द हॉकी लीग का आयोजन भी किया जाएगा।

खेल मंत्री ने बताया कि राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी तैयार करने के उद्देश्य से नवा रायपुर अटल नगर के सेक्टर-3 में 67 करोड़ रुपए की लागत से नेशनल आर्चरी एकेडमी स्थापित की जा रही है। इसके लिए खेल एवं युवा कल्याण विभाग को 13.47 एकड़ भूमि निःशुल्क आवंटित की गई है। अकादमी के निर्माण के लिए एनटीपीसी, एनआरएएनवीपी और खेल एवं युवा कल्याण विभाग के बीच त्रिपक्षीय समझौता भी किया गया है।

उन्होंने बताया कि जशपुर जिले में करीब 18 करोड़ रुपए की लागत से आर्चरी अकादमी का निर्माण भी तेजी से चल रहा है। इसके अलावा नवा रायपुर सेक्टर-28 में मल्टी स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स का निर्माण दो चरणों में किया जा रहा है। पहले चरण के लिए 114.05 करोड़ रुपए की स्वीकृति मिल चुकी है और निर्माण कार्य प्रगति पर है, जबकि दूसरे चरण के लिए 94.69 करोड़ रुपए की प्रशासनिक स्वीकृति जारी की जा चुकी है।

अरुण साव ने बताया कि प्रदेश में बड़े खेल परिसरों के निर्माण पर भी काम हो रहा है। कुनकुरी (जशपुर) में 64 करोड़ रुपए और रायगढ़ में 92 करोड़ रुपए की लागत से इंटीग्रेटेड स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स विकसित किए जाएंगे। दोनों परियोजनाओं को प्रशासनिक मंजूरी मिल चुकी है और आगे की प्रक्रिया जारी है।

बस्तर और सरगुजा ओलंपिक से उभर रहीं नई प्रतिभाएं

खेल मंत्री ने कहा कि वर्ष 2024 से शुरू हुए बस्तर ओलंपिक के दो सफल संस्करणों ने आदिवासी अंचल की खेल प्रतिभाओं को नया मंच दिया है। वर्ष 2024 में 1.65 लाख और 2025 में 3.91 लाख खिलाड़ियों ने पंजीयन कराया। 11 खेल विधाओं में प्रतियोगिताएं आयोजित हुईं, जिनमें उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले 13 और 18 खिलाड़ियों को क्रमशः यूथ आइकन के रूप में चयनित किया गया।

इसी तरह सरगुजा ओलंपिक के पहले संस्करण में वर्ष 2026 में 3.49 लाख प्रतिभागियों ने पंजीयन कराया। 12 खेल विधाओं में आयोजित प्रतियोगिताओं से 14 खिलाड़ियों को यूथ आइकन के रूप में चुना गया।

खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स में मिला मेजबानी का गौरव

अरुण साव ने बताया कि खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स-2026 के पहले संस्करण की मेजबानी छत्तीसगढ़ को मिली। 25 मार्च से 3 अप्रैल 2026 तक रायपुर, बस्तर और सरगुजा में आयोजित प्रतियोगिताओं में देशभर के करीब 3 हजार खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। छत्तीसगढ़ ने इस प्रतियोगिता में 3 स्वर्ण, 10 रजत और 6 कांस्य सहित कुल 19 पदक जीतकर उल्लेखनीय प्रदर्शन किया।

राज्य सरकार ने इन पदक विजेताओं को प्रोत्साहित करने के लिए स्वर्ण पदक पर 2 लाख रुपए, रजत पर 1.5 लाख रुपए और कांस्य पदक पर 1 लाख रुपए की पुरस्कार राशि देने की घोषणा की है।

100 करोड़ के मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन से मिलेगा बढ़ावा

खेल मंत्री ने बताया कि प्रदेश में खेल संस्कृति विकसित करने, खिलाड़ियों को आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराने और महिला खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से वित्तीय वर्ष 2026-27 के बजट में 100 करोड़ रुपए का “मुख्यमंत्री खेल उत्कर्ष मिशन” शुरू किया गया है।

इस मिशन के तहत एथलीट मैनेजमेंट सिस्टम, स्पोर्ट्स साइंस सेंटर, फीडर सेंटर, एथलीट वेलफेयर, उच्च स्तरीय प्रशिक्षण और प्रतिभा विकास जैसी योजनाओं पर व्यापक कार्य किया जाएगा।

1143 खिलाड़ियों को मिला सम्मान

अरुण साव ने बताया कि वर्ष 2024 में सरकार ने पूर्व से लंबित 2019-20, 2020-21, 2021-22 और 2022-23 के राज्य खेल अलंकरण समारोह आयोजित कर चार वर्षों के 1,143 खिलाड़ियों को खेल अलंकरण, नगद पुरस्कार और खेलवृत्ति प्रदान की। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार खिलाड़ियों को बेहतर सुविधाएं और अवसर उपलब्ध कराने के लिए लगातार प्रतिबद्ध है, ताकि छत्तीसगढ़ के खिलाड़ी राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर प्रदेश का नाम रोशन कर सकें।

IMG 20250811 172353
Manish Tiwari

Show More

Related Articles

Back to top button