अमेरिका-ईरान में फिलहाल थमे हमले: 3 दिन की जंग के बाद बनी सहमति, कल कतर में होगी अहम वार्ता; होर्मुज से जहाज चलते रहेंगे

तेहरान/वॉशिंगटन/दोहा। अमेरिका और ईरान ने फिलहाल एक-दूसरे पर सैन्य हमले रोकने पर सहमति जताई है। पिछले तीन दिनों से जारी सैन्य तनाव के बाद दोनों देशों ने बातचीत के जरिए समाधान तलाशने का फैसला किया है। अब मंगलवार को कतर की राजधानी दोहा में दोनों देशों के प्रतिनिधियों के बीच तकनीकी स्तर की वार्ता होगी।
अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, 17 जून को हुए समझौते (MoU) के सभी बिंदुओं पर बातचीत जारी रहेगी। समझौते के तहत होर्मुज स्ट्रेट से गुजरने वाले व्यावसायिक जहाजों की आवाजाही बाधित नहीं होगी। हाल के दिनों में इसी समुद्री मार्ग को लेकर दोनों देशों के बीच तनाव काफी बढ़ गया था।
हालिया घटनाक्रम में अमेरिका ने ईरान के मिसाइल और रडार ठिकानों पर हवाई हमले किए थे। इसके जवाब में ईरान ने कुवैत और बहरीन में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया। हालांकि अब दोनों देशों ने सैन्य कार्रवाई रोककर कूटनीतिक रास्ता अपनाने पर सहमति जताई है।
इस बीच ईरान और ओमान के अधिकारियों ने मस्कट में होर्मुज स्ट्रेट के संचालन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर संयुक्त बैठक की। वहीं ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान ने दावा किया कि कतर में फंसी ईरानी राशि में से 6 अरब डॉलर जल्द जारी किए जाएंगे, जिसे उन्होंने हालिया समझौते का सकारात्मक परिणाम बताया।
तनाव का असर वैश्विक बाजारों पर भी दिखा है। कच्चे तेल की कीमतों में बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि बंदर अब्बास समेत ईरान के कई इलाकों में महंगाई बढ़ने से आम लोगों की मुश्किलें भी बढ़ गई हैं। दूसरी ओर अमेरिका ने दावा किया कि होर्मुज स्ट्रेट पर ईरान की पकड़ कमजोर पड़ रही है, जबकि ईरान ने चेतावनी दी है कि यदि उस पर फिर हमला हुआ तो जवाब और ज्यादा सख्त होगा।
दोनों देशों के बीच मंगलवार की वार्ता पर पूरी दुनिया की नजरें टिकी हैं, क्योंकि इससे पश्चिम एशिया में तनाव कम होने और वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति को स्थिरता मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।



