4 जिलों के सहायक आयुक्तों को नोटिस: छात्रावासों की हालत सुधारने सख्त निर्देश, 2 महीने में पूरी करनी होंगी सभी सुविधाएं

रायपुर | बड़ी खबर
रायपुर। आदिम जाति, अनुसूचित जाति, अन्य पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक में लापरवाही पर सख्त रुख अपनाया गया। प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा ने बलौदाबाजार, बेमेतरा, जशपुर और बिलासपुर के सहायक आयुक्तों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।
बैठक में विभागीय योजनाओं, बजट उपयोग और विकास कार्यों की समीक्षा करते हुए स्पष्ट किया गया कि जिन जिलों में बजट का सही उपयोग नहीं हुआ है, वहां जवाबदेही तय की जाएगी।
छात्रावासों पर फोकस
प्रमुख सचिव ने आगामी शैक्षणिक सत्र को देखते हुए आश्रम-छात्रावासों की व्यवस्थाओं को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अगले 2 महीनों में:
- मरम्मत और रंग-रोगन
- शौचालय, पेयजल और बिजली व्यवस्था
- अग्निशमन यंत्र और CCTV कैमरे
जैसी सभी जरूरी सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं।
“प्रोजेक्ट संकल्प” में योग-ध्यान शामिल
विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए “प्रोजेक्ट संकल्प” के तहत अब योग और ध्यान को भी शामिल किया जाएगा, ताकि मानसिक और नैतिक विकास को बढ़ावा मिल सके।
छात्रवृत्ति व्यवस्था हुई मजबूत
बैठक में बताया गया कि:
- 3.3 लाख छात्रों को छात्रवृत्ति दी गई
- 72% राशि दिसंबर तक और 99% राशि 31 मार्च तक खातों में ट्रांसफर
अब इस पूरी प्रक्रिया को ऑनलाइन करने की तैयारी है, जिससे पारदर्शिता बढ़ेगी और फर्जीवाड़ा रुकेगा।
वन अधिकार और निर्माण कार्यों पर सख्ती
- लंबित वन अधिकार प्रकरण 15 दिनों में निपटाने के निर्देश
- नए छात्रावास निर्माण से पहले स्थल निरीक्षण अनिवार्य
- बस्तर क्षेत्र में प्रस्तावित छात्रावासों को प्राथमिकता
अन्य अहम निर्देश
- एकलव्य और प्रयास आवासीय विद्यालयों में एक भी सीट खाली न रहे
- उत्कृष्ट स्कूलों के चयन पर जोर
- सभी योजनाओं को गुणवत्ता के साथ समय पर पूरा करने के निर्देश
बैठक में वरिष्ठ अधिकारी और सभी जिलों के सहायक आयुक्त मौजूद रहे।



