छत्तीसगढ़ में मौसम में बड़ा बदलाव: उत्तर से आई ठंडी हवाएं, तापमान में 3 डिग्री तक गिरावट — मलेरिया फैलने का खतरा भी बढ़ा

रायपुर। छत्तीसगढ़ के मध्य और उत्तरी हिस्सों में आज से ठंड बढ़ने के आसार हैं। मौसम विभाग के अनुसार, अगले 24 घंटों में तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की गिरावट हो सकती है। वहीं, दक्षिण छत्तीसगढ़ में भी इसी तरह का ट्रेंड देखने को मिल सकता है।
दरअसल, उत्तर दिशा से ठंडी हवाएं बहने लगी हैं, जिससे राज्य में सर्दी का असर बढ़ने लगा है। मौसम विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि इस तरह का मौसम मलेरिया के संक्रमण के लिए अनुकूल होता है। 7 से 11 नवंबर तक संक्रमण का खतरा अधिक रहने की संभावना है।
पिछले 24 घंटों में प्रदेश का सबसे अधिक अधिकतम तापमान 34.0°C रायपुर में, जबकि न्यूनतम तापमान 12.5°C अंबिकापुर में दर्ज किया गया।
🌤 कहां कैसा रहेगा मौसम
उत्तरी और मध्य छत्तीसगढ़:
मौसम पूरी तरह शुष्क रहेगा। सुबह-शाम ठंड का असर महसूस होगा, जबकि दिन में धूप खिली रहेगी।
दक्षिणी छत्तीसगढ़ (बस्तर संभाग):
आज बारिश की कोई संभावना नहीं है। सूखा मौसम जारी रहेगा। धीरे-धीरे रातें ठंडी होती जाएंगी।
🚜 किसानों और शहरी लोगों के लिए संकेत
- रबी फसलों के लिए मौसम अनुकूल रहेगा
- सुबह हल्की धुंध और कोहरा संभव
- सुबह-शाम गर्म कपड़े जरूरी
- रात के तापमान में गिरावट से ठंडक बढ़ेगी
- बारिश की संभावना बहुत कम
🌊 बंगाल की खाड़ी में सक्रिय सिस्टम
बंगाल की खाड़ी में बना निम्न दबाव का क्षेत्र अभी भी सक्रिय है। यह सिस्टम उत्तर-पूर्वी और पूर्व-मध्य खाड़ी में म्यांमार-बांग्लादेश तट के पास स्थित है। मौसम विभाग के मुताबिक, यह सिस्टम अगले 24 घंटों में उत्तर-उत्तर-पश्चिम दिशा में तटीय इलाकों के समानांतर आगे बढ़ेगा।
इसके मामूली प्रभाव से छत्तीसगढ़ में दिन में हल्के बादल रह सकते हैं, हालांकि बारिश की संभावना बहुत कम है। हवा में नमी बनी रहने और रात में तापमान गिरने से सुबह-शाम ठंडक महसूस होगी।
🌡️ अगले कुछ दिनों में मौसम के प्रमुख संकेत
- दिन में हल्के बादल रहेंगे
- रात में तापमान 2-3°C तक गिर सकता है
- सुबह-शाम ठंडक और बढ़ेगी
- हवा में हल्की नमी बनी रहेगी
⚠️ मलेरिया संक्रमण का खतरा बढ़ा
मौसम विभाग की हेल्थ एडवाइजरी के मुताबिक 7 से 13 नवंबर के बीच छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में मलेरिया संक्रमण फैलने की संभावना है।
मलेरिया फैलने की अनुकूल स्थिति:
- दिन का तापमान: 33-39°C
- रात का तापमान: 14-19°C
छत्तीसगढ़ में फिलहाल तापमान इसी दायरे में है, इसलिए राज्य में मलेरिया का खतरा अधिक है, खासकर ग्रामीण और जंगल क्षेत्रों में।
मुख्य दो प्रकार के मलेरिया:
- प्लास्मोडियम फाल्सीपेरम (गंभीर प्रकार)
- प्लास्मोडियम विवैक्स (बार-बार लौटने वाला मलेरिया)
11 नवंबर तक राज्य में विवैक्स मलेरिया के बढ़ने की आशंका जताई गई है।
सावधानी के उपाय:
- आसपास पानी जमा न होने दें
- मच्छरदानी का उपयोग करें
- फुल स्लीव कपड़े पहनें
- बुखार या सिरदर्द हो तो तुरंत जांच कराएं
🌍 इन राज्यों में भी रहेगा खतरा
असम, मेघालय, त्रिपुरा, मिजोरम, गुजरात, बिहार, झारखंड, ओडिशा, नागालैंड, महाराष्ट्र, तेलंगाना, कर्नाटक, उत्तर प्रदेश, पश्चिम बंगाल और छत्तीसगढ़ के कुछ जिले मलेरिया के उच्च जोखिम वाले क्षेत्र बताए गए हैं।
☔ अक्टूबर में 59% ज्यादा बारिश
इस साल छत्तीसगढ़ से मानसून 15 अक्टूबर तक लौट गया था। लेकिन अक्टूबर महीने में 1 से 26 अक्टूबर तक 89.4 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो औसत से 59 फीसदी ज्यादा है।
निष्कर्ष:
छत्तीसगढ़ में सर्दी की दस्तक शुरू हो चुकी है। अगले कुछ दिनों में तापमान में और गिरावट आएगी। मौसम में बदलाव के साथ मलेरिया जैसे मौसमी रोगों से सतर्क रहना जरूरी है।



