अफसरों से मारपीट, धमकी और गालीगलौज… MIC सदस्य के पति आकाश दुबे को कोर्ट से 5 साल की सजा, 7 साल पुराना मामला बना राजनीतिक भूचाल

रायपुर नगर निगम की MIC सदस्य के पति और पूर्व भाजपा पार्षद आकाश दुबे को 7 साल पुराने मारपीट के मामले में अदालत ने दोषी करार देते हुए 5 साल की सजा सुनाई है। इसी केस में शामिल श्याम साहू को भी समान सजा और 5 हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है। यह फैसला जिला अपर सत्र न्यायाधीश की अदालत ने सुनाया।
मामला वर्ष 2017 का है, जब डीडी नगर क्षेत्र के सुंदर नगर में जमीन सीमांकन के दौरान आकाश दुबे ने राजस्व निरीक्षक व पटवारी के साथ मारपीट की थी। पुलिस ने IPC की धाराओं 294, 506, 186, 353, 332 और 34 के तहत मामला दर्ज किया था। पीड़ित अधिकारियों के बयान और मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर अदालत ने दोनों आरोपियों को दोषी ठहराया।
क्या था मामला?
सुंदर नगर क्षेत्र में जय नारायण शुक्ला की जमीन के सीमांकन के लिए राजस्व निरीक्षक राजेंद्र चंद्राकार, किशोर वर्मा और पटवारी की टीम मौके पर पहुंची थी। सीमांकन शुरू होते ही बाजू के प्लॉट मालिक सुरेशचंद्र आर्य के करीबी एसपी साहू ने आपत्ति जताई और अफसरों से बहस करने लगे। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि यह कार्य तहसीलदार के आदेश पर हो रहा है, आपत्ति लिखित में दर्ज कराई जा सकती है।
इसी बीच एसपी साहू ने तत्कालीन पार्षद आकाश दुबे को फोन कर बुला लिया। मौके पर पहुंचे आकाश दुबे ने अधिकारियों को धमकाया, गाली-गलौज की और ट्रांसफर की धमकी दी। सीनियर आरआई राजेंद्र चंद्राकार के समझाने पर भी वे नहीं माने और हाथपाई शुरू कर दी।
राजनीतिक हलकों में हलचल
गौरतलब है कि आकाश दुबे की पत्नी इस समय रायपुर नगर निगम की पार्षद और MIC सदस्य हैं। उनके पति को हुई सजा के बाद रायपुर के राजनीतिक गलियारों में हलचल तेज हो गई है।
इस फैसले को प्रशासनिक कार्रवाई और न्यायपालिका की सख्ती के रूप में देखा जा रहा है।



