छत्तीसगढ़
BREAKING: एसआईआर में बीएलओ की घर-घर पहुंच न होने पर राजनीति गर्म, गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा— “सही नाम जोड़ना सबकी जिम्मेदारी”

राजधानी में एसआईआर के तहत बीएलओ के घर-घर नहीं पहुंच पाने को लेकर बीजेपी और कांग्रेस की शिकायतों के बाद गृहमंत्री विजय शर्मा ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने कहा कि बीएलओ को हर घर तक जाना आवश्यक है, लेकिन राजनीतिक पार्टियों की भी जिम्मेदारी है कि सही और उचित नाम जुड़ें।
उन्होंने स्पष्ट किया—
- कई लोगों के नाम दो जगह दर्ज होने पर यही कहा जा रहा है कि इसे ठीक करना है।
- आधार नंबर भी लिए जा रहे हैं ताकि मतदाता सूची पूरी तरह दुरुस्त हो सके।
- कई लोग अतिरिक्त नाम जुड़वाने की कोशिश कर रहे हैं, जिन पर दंडात्मक कार्रवाई होनी चाहिए।
हिड़मा की मौत पर मनीष कुंजाम के आरोप पर गृहमंत्री का जवाब
आदिवासी नेता मनीष कुंजाम द्वारा यह कहे जाने पर कि नक्सल लीडर हिड़मा को ‘मरवाया गया’, गृहमंत्री शर्मा ने कहा कि कुंजाम क्षेत्र के नेता हैं और उन्हें अपने बयान को समझना चाहिए।
उन्होंने कहा—
- यह गंभीर और चिंताजनक विषय है कि वास्तविक स्थिति क्या है।
- सरकार का लक्ष्य स्पष्ट है— तय समय में बस्तर में पूर्ण शांति और संविधान का पूर्ण पालन।
बस्तर में मारे जा रहे स्थानीय युवाओं पर उठे सवालों पर जवाब
गृहमंत्री ने कहा कि—
- बस्तर के स्थानीय युवाओं को नक्सली संगठन में भर्ती किया गया है।
- पहले बड़े नक्सली लीडर्स तक सुरक्षा बल नहीं पहुंच पा रहे थे, इसलिए मामला दबा हुआ था।
- अब बड़े लीडर्स मारे जा रहे हैं तो “वार्ता” की बात शुरू हो गई है।
- बस्तर के युवाओं से अपील— वे सरेंडर करें और सरकार की पुनर्वास नीति का लाभ लें।
विधायक सुनील सोनी को डिजिटल अरेस्ट मामले पर बयान
डिजिटल अरेस्ट के मामले में गृहमंत्री विजय शर्मा ने कहा—
- नई तकनीक अब समझ से परे होती जा रही है।
- लोगों को सतर्क होना होगा।
- प्रशासन ऐसे उपकरण ला रहा है जो बताएंगे कि कौन-सी चीज एआई जनरेटेड है।
- उन्होंने कहा कि सुनील सोनी तेज और समझदार हैं, इसलिए वे इस जाल में नहीं फंसे।
- आजकल आवाज, फोटो और वीडियो हूबहू कॉपी हो रहे हैं— सभी को सावधान रहने की आवश्यकता है।



