‘ज्ञानू-जानू विवाह’ पोस्ट पर मचा बवाल: अमित जोगी के खिलाफ FIR दर्ज, 2 नवंबर को वीडियो हटाकर मांगी थी माफी

रायपुर, 4 नवंबर। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर सोशल मीडिया पर कथित आपत्तिजनक व्यंग्य वीडियो पोस्ट करने के मामले में जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के अध्यक्ष अमित जोगी के खिलाफ रायपुर में एफआईआर दर्ज की गई है। भाजपा कार्यकर्ताओं की शिकायत के बाद सिविल लाइंस थाने में यह कार्रवाई हुई। विवाद बढ़ने के बाद अमित जोगी ने पोस्ट हटाकर सार्वजनिक रूप से माफी भी मांगी है।
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, कथित वोट चोरी के आरोपों को लेकर अमित जोगी ने सोशल मीडिया पर ‘ज्ञानू-जानू विवाह’ नाम से एक वीडियो पोस्ट किया था। इसमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के मुखौटे पहने दो लोगों को सांकेतिक शादी और हनीमून के दृश्य में दिखाया गया था। वीडियो सामने आने के बाद भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध शुरू कर दिया।
भाजपा कार्यकर्ताओं ने रायपुर के सिविल लाइंस थाने पहुंचकर अमित जोगी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई और कार्रवाई की मांग की। शिकायत के आधार पर पुलिस ने उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की है।
भाजपा नेताओं ने जताया विरोध
भाजपा नेता मिंटू बिसेन ने कहा कि यह अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता नहीं, बल्कि वैचारिक दिवालियापन है। प्रधानमंत्री और संवैधानिक संस्था के प्रमुख को शादी और हनीमून जैसे शब्दों से जोड़कर मजाक उड़ाना छत्तीसगढ़ की संस्कृति नहीं है।
वहीं, देवा दास चतुर्वेदी ने आरोप लगाया कि अमित जोगी सस्ती लोकप्रियता हासिल करने के लिए इस तरह की राजनीति कर रहे हैं। भाजपा नेता जगजीवन खरे ने भी वीडियो को लेकर आपत्ति जताई और कहा कि इस तरह के पोस्ट से वोट चोरी के मुद्दे से ध्यान भटकाने की कोशिश की जा रही है।
विरोध के बाद अमित जोगी ने मांगी माफी
वीडियो को लेकर विवाद बढ़ने और आलोचना के बाद अमित जोगी ने 2 नवंबर को पोस्ट हटा दी थी। इसके बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर माफी मांगते हुए कहा कि मुख्य चुनाव आयुक्त के विरोध में संदेश देने का उनका तरीका गलत था। विरोध के लिए दूसरे तरीके भी अपनाए जा सकते थे।
उन्होंने लिखा कि खुद का मजाक उड़ाया जा सकता है, लेकिन दूसरों के निजी रिश्तों में घुसकर व्यंग्य करना गलत है। किसी के निजी स्पेस का उल्लंघन नहीं किया जाना चाहिए। यदि उनकी पोस्ट से किसी की भावनाएं आहत हुई हैं तो वह इसके लिए माफी मांगते हैं।
फिलहाल इस मामले में भाजपा की शिकायत के बाद अमित जोगी के खिलाफ एफआईआर दर्ज होने से छत्तीसगढ़ की राजनीति में विवाद बढ़ गया है।



