राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् की 150वीं वर्षगांठ पर देशभर में होगा सामूहिक गायन : उप मुख्यमंत्री अरुण साव

भाजपा 7 नवंबर को 150 स्थानों पर कराएगी वंदे मातरम् का पूर्ण गीत गायन, देशभक्ति का बनेगा ऐतिहासिक क्षण
रायपुर, 06 नवम्बर 2025। उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने कहा कि राष्ट्रीय गीत वंदे मातरम् की 150वीं वर्षगांठ 7 नवंबर को पूरे देशभर में श्रद्धा और गौरव के साथ मनाई जाएगी। इस अवसर पर भारतीय जनता पार्टी द्वारा देश के 150 स्थानों पर वंदे मातरम् के पूर्ण गीत का सामूहिक गायन आयोजित किया जाएगा। इसके साथ ही विभिन्न शासकीय कार्यालयों में भी गीत गूंजेगा।
नवा रायपुर स्थित अपने निवास कार्यालय में पत्रकारों से चर्चा करते हुए डिप्टी सीएम साव ने कहा कि कांग्रेस को न देश की चिंता है, न देशभक्ति की। उन्होंने कहा कि आज़ादी के आंदोलन में स्वतंत्रता सेनानियों ने वंदे मातरम् गीत गाकर प्राणों की आहुति दी, लेकिन कांग्रेस ने उस राष्ट्रीय गीत को भुला दिया और एक परिवार की चाटुकारिता तक सिमटकर रह गई। वहीं भाजपा ने स्वतंत्रता सेनानियों के सम्मान को पुनर्स्थापित किया है और राष्ट्रीय गौरव के प्रतीकों को पुनर्जीवित किया है।
साव ने आगे कहा कि भाजपा का उद्देश्य नई पीढ़ी में राष्ट्रभक्ति और एकता की भावना को जागृत करना है। “वंदे मातरम् न केवल एक गीत है, बल्कि यह भारत के आत्मसम्मान और त्याग की प्रेरणा है,” उन्होंने कहा।
बिहार की राजनीति पर बोलते हुए उप मुख्यमंत्री साव ने कहा कि पिछले 20 वर्षों में नीतीश कुमार के नेतृत्व में राज्य की तस्वीर बदली है। विकास के कारण जनता अब फिर से एनडीए की सरकार लाने के मूड में है। उन्होंने कहा कि जनता अब “जंगल राज” को और मौका नहीं देगी।
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) पर प्रतिक्रिया देते हुए साव ने कहा कि कांग्रेस अपनी हार से उबर नहीं पाई है। उसके पास न कार्यकर्ता बचे हैं, न मतदाता। “भाजपा का संगठनात्मक ढांचा हर बूथ तक सक्रिय है। हमारे बीएलओ मतदाता सूची की हर प्रक्रिया पर सतर्कता से काम करेंगे, ताकि पात्र मतदाता छूटे नहीं और अपात्र नाम जुड़ें नहीं,” उन्होंने कहा।
धान खरीदी को लेकर उप मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार ने पूरी तैयारी कर ली है ताकि किसानों को किसी प्रकार की दिक्कत न हो। उन्होंने कहा कि “सरकार ने मजबूत व्यवस्था बनाई है, किसानों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी।”
इस दौरान साव ने कहा कि 7 नवंबर का दिन देश के लिए गर्व का दिन होगा — जब वंदे मातरम् की गूंज से भारत एकता, सम्मान और राष्ट्रभक्ति की नई मिसाल पेश करेगा।



