धरसींवा विधायक अनुज शर्मा ने विधानसभा में मंत्री से मांगे 4 बड़े सवाल, औद्योगिक प्रदूषण और अवैध प्लॉटिंग पर हुई पूछताछ

रायपुर: छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के दौरान धरसींवा विधायक अनुज शर्मा ने क्षेत्र में बढ़ते औद्योगिक प्रदूषण और जनहित मुद्दों पर सदन में सवाल उठाए। विधायक ने बजट सत्र के पाँचवे दिन कुल चार महत्वपूर्ण सवाल सदन में रखे।
पहले सवाल में विधायक ने पूछा कि धरसींवा क्षेत्र के किन उद्योगों को ESP (इलेक्ट्रोस्टैटिक प्रेसिपिटेटर) लगाने के निर्देश कब और किस आदेश के तहत दिए गए, और जनवरी 2024 से जनवरी 2026 तक किन अधिकारियों ने प्रदूषण जांच की और क्या कोई उल्लंघन पाया गया। वित्त मंत्री ने बताया कि जल अधिनियम (1974) और वायु अधिनियम (1981) के तहत 38 उद्योगों ने ESP स्थापित किया है और नियम उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई हुई।
दूसरे सवाल में अनुज शर्मा ने भू-संपदा विनियामक प्राधिकरण (रेरा) के तहत पंजीकृत और अवैध प्लॉटिंग के मामलों को उठाया। मंत्री ने जानकारी दी कि धरसींवा क्षेत्र में कुल 157 परियोजनाएँ पंजीकृत हैं, 2023 से जनवरी 2026 तक 3 अवैध बिक्री की शिकायतें मिलीं, और भू-संपदा अधिनियम 2016 के तहत दंड व नियमितीकरण के प्रावधान मौजूद हैं।
तीसरे सवाल में उद्योगों में निरीक्षण की आवृत्ति पर चर्चा हुई। मंत्री ने बताया कि अति प्रदूषणकारी उद्योगों का निरीक्षण हर 6 माह, लाल श्रेणी उद्योगों का 6 माह, नारंगी श्रेणी उद्योगों का 6-12 माह और हरे श्रेणी उद्योगों का 24 माह में किया जाता है। यह नियम धरसींवा के सभी उद्योगों पर लागू है।
चौथे सवाल में संस्कृति विभाग में कलाकारों के पंजीयन प्रक्रिया, ग्रेडेशन और मानदेय के बारे में पूछा गया। वित्त मंत्री ने बताया कि ‘चिन्हारी पोर्टल’ के माध्यम से पंजीयन होता है और चयन समिति कलाकारों के कला एवं अनुभव के आधार पर ग्रेड और पारिश्रमिक तय करती है।
विधायक अनुज शर्मा के सवालों ने विधानसभा में धरसींवा क्षेत्र के औद्योगिक, भू-संपदा और सांस्कृतिक मुद्दों पर ध्यान केंद्रित किया और मंत्री से स्पष्ट जवाब मांगे।



