राष्ट्रीय पटल पर चमका छत्तीसगढ़, ‘मॉडल यूथ ग्राम सभा’ में ईएमआरएस कोसमबुड़ा ने हासिल किया प्रथम स्थान

नई दिल्ली/रायपुर, 22 जनवरी 2026/ छत्तीसगढ़ के लिए गर्व का क्षण है। एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय (ईएमआरएस), कोसमबुड़ा ने देश-भर के 800 से अधिक विद्यालयों को पीछे छोड़ते हुए ‘मॉडल यूथ ग्राम सभा’ (MYGS) प्रतियोगिता में राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थान हासिल किया है। पंचायती राज मंत्रालय द्वारा 28 जनवरी 2026 को नई दिल्ली में आयोजित राष्ट्रीय पुरस्कार समारोह में छत्तीसगढ़ की इस विजेता टीम को सम्मानित किया जाएगा।
यह प्रतियोगिता 30 अक्टूबर 2025 को पंचायती राज मंत्रालय ने जनजातीय कार्य मंत्रालय और शिक्षा मंत्रालय के सहयोग से शुरू की थी। इसका उद्देश्य युवाओं को मॉक ग्राम सभा के माध्यम से लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं, सहभागी शासन और जमीनी समस्याओं के समाधान से जोड़ना था।
800 स्कूलों में अव्वल रहा छत्तीसगढ़ का जनजातीय विद्यालय
देश के 800 से अधिक विद्यालयों की भागीदारी वाली इस प्रतियोगिता में शॉर्टलिस्ट की गई शीर्ष 6 टीमों में ईएमआरएस कोसमबुड़ा ने ग्राम सभा संचालन, अनुशासन, विषयगत समझ और स्थानीय समस्याओं के व्यावहारिक समाधान प्रस्तुत कर निर्णायकों को प्रभावित किया। यह उपलब्धि छत्तीसगढ़ की जनजातीय आवासीय शिक्षा प्रणाली की मजबूती और छात्रों में लोकतांत्रिक मूल्यों की गहरी समझ को दर्शाती है।
प्राचार्य ने जताया गर्व
ईएमआरएस कोसमबुड़ा के प्राचार्य डॉ. कमलाकांत यादव ने कहा,
“मॉडल यूथ ग्राम सभा पहल में राष्ट्रीय स्तर पर प्रथम स्थान मिलना हमारे लिए अत्यंत हर्ष का विषय है। यह हमारे विद्यार्थियों के कठिन परिश्रम और ग्रामीण विकास से जुड़ी समस्याओं की गहरी समझ का प्रमाण है। यह पहल युवाओं को लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं और सहभागी शासन से जोड़ने का सशक्त माध्यम बनी है।”
लोकतंत्र के युवा राजदूत
तीन महीने से भी कम समय में देशभर के विद्यालयों तक पहुँची यह पहल युवाओं में सहभागी शासन की संस्कृति को मजबूत कर रही है। 28 जनवरी को होने वाला राष्ट्रीय सम्मान समारोह इन युवा लोकतांत्रिक राजदूतों की उपलब्धियों का उत्सव होगा, जो भविष्य के जिम्मेदार नागरिक गढ़ने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।



