हिडमा ढेर होते ही नक्सल संगठन बिखरा : पहली बार MMC जोन ने हथियार छोड़ने की बात कही—तीन राज्यों से 15 फरवरी तक युद्धविराम की मांग

जगदलपुर, 24 नवंबर 2025/ नक्सल मोर्चे पर बड़ी हलचल देखी जा रही है। कुख्यात नक्सली कमांडर माडवी हिडमा के मारे जाने के बाद पूरे नक्सल संगठनों में भारी बिखराव और अस्थिरता नजर आ रही है। इसी बीच पहली बार MMC जोन (महाराष्ट्र–मध्यप्रदेश–छत्तीसगढ़ स्पेशल जोनल कमेटी) ने औपचारिक रूप से हथियार छोड़ने की इच्छा जताते हुए तीनों राज्यों की सरकारों से 15 फरवरी 2026 तक युद्धविराम का समय मांगा है।
हिडमा के मारे जाने से नक्सली संगठन में हड़कंप
केंद्र सरकार के नक्सल उन्मूलन अभियान को यह एक बड़ी सफलता माना जा रहा है। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पहले ही यह टारगेट तय कर चुके हैं कि 31 मार्च 2026 तक देश से नक्सलवाद पूरी तरह खत्म किया जाएगा।
ताज़ा घटनाक्रम उसी दिशा में तेज़ प्रगति का संकेत देता है।
हाल ही की कार्रवाई में सुरक्षाबलों ने एक बड़े ऑपरेशन में कुख्यात नक्सली कमांडर माडवी हिडमा को मुठभेड़ में ढेर किया था। हिडमा के साथ उसकी पत्नी राजे, उसके गार्ड और अन्य मिलाकर कुल 6 नक्सली मारे गए थे।
हिडमा की मौत से नक्सल संगठन के अंदर जबरदस्त खलबली मच गई है और नेतृत्व संकट साफ दिखाई दे रहा है।
MMC जोन ने युद्धविराम की मांग की, पहली बार हथियार छोड़ने का संकेत
इस बीच माओवादी संगठन के MMC जोन की ओर से एक बड़ा बयान आया है। संगठन के प्रवक्ता अनंत ने महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्रियों के नाम एक पत्र जारी कर कहा है कि—
- वे हथियार छोड़ने की इच्छा रखते हैं,
- और 15 फरवरी 2026 तक युद्धविराम का समय चाहते हैं।
पत्र में यह भी उल्लेख है कि संगठन इस बार PLGA सप्ताह नहीं मनाएगा,
और फोर्स के ऑपरेशन रोकने की भी अपील की गई है।
यह पहली बार है जब MMC जोन की ओर से ऐसी पहल सामने आई है, जिसे नक्सलवाद के खात्मे की दिशा में एक बड़ा संकेत माना जा रहा है।



