मुंगेली मर्डर केस सुलझा: अपहरण के बाद गला घोंटकर हत्या, रिश्तेदारों ने दी थी सुपारी

मुंगेली। छत्तीसगढ़ के मुंगेली जिले में सेवानिवृत्त लेखापाल दामोदर सिंह राजपूत (62) की हत्या के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। इस सनसनीखेज मामले में पुलिस ने 11 आरोपियों के साथ 4 नाबालिगों को गिरफ्तार किया है। चौंकाने वाली बात यह है कि हत्या की साजिश मृतक के अपने ही परिवार के लोगों ने रची थी।
पुलिस के अनुसार, घटना थाना लालपुर क्षेत्र के ग्राम मनोहरपुर की है, जहां 21 मार्च 2026 को दामोदर सिंह का अपहरण कर उनकी हत्या कर दी गई। इस पूरे मामले का खुलासा तब हुआ जब 22 मार्च को मृतक के भाई ने गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई। जांच के दौरान “त्रिनयन एप” और सीसीटीवी फुटेज की मदद से पुलिस आरोपियों तक पहुंची।
जांच में सामने आया कि संपत्ति हड़पने के लालच में मृतक के छोटे भाई, साले और अन्य रिश्तेदारों ने मिलकर सुपारी देकर हत्या की योजना बनाई थी। आरोपियों ने पहले मृतक को बेटे से खतरे का डर दिखाया और करोड़ों की संपत्ति अपने नाम करा ली। इसके लिए फर्जी दस्तावेज और नोटरी भी तैयार किए गए थे।
हत्या के दिन आरोपियों ने सुनसान रास्ते में दामोदर सिंह को रोका और गमछे से गला घोंटकर उनकी हत्या कर दी। इसके बाद शव को कार में डालकर पंडरिया क्षेत्र के देवसरा गांव के जंगल में ले जाकर गड्ढे में दफना दिया गया।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में प्रयुक्त वाहन, मोटरसाइकिल, स्कूटी और 96 हजार रुपये की सुपारी राशि जब्त की है। सभी आरोपियों को न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है, जबकि नाबालिगों को बाल संप्रेषण गृह भेजा गया है।
इस मामले में यह भी सामने आया कि परिवार के भीतर चल रहे विवाद और लगभग 4 करोड़ रुपये की जमीन व 30 तोला सोने के लालच ने इस जघन्य हत्या को जन्म दिया। मुंगेली पुलिस ने तकनीकी साक्ष्यों और त्वरित कार्रवाई से इस जटिल मामले को सुलझाने में सफलता हासिल की है।



