
नई दिल्ली।AI की दुनिया में बीते कुछ समय से यह चर्चा तेज थी कि क्या Nvidia और OpenAI के बीच दूरी बढ़ रही है। इन अटकलों पर अब खुद OpenAI ने विराम लगा दिया है। कंपनी ने साफ शब्दों में कहा है कि Nvidia उसके लिए सिर्फ एक हार्डवेयर सप्लायर नहीं, बल्कि उसकी AI यात्रा का सबसे मजबूत और जरूरी पार्टनर है।
OpenAI के हेड ऑफ कंप्यूट इंफ्रास्ट्रक्चर सचिन कट्टी ने इस बारे में LinkedIn पोस्ट के जरिए स्थिति स्पष्ट की। उन्होंने बताया कि फिलहाल OpenAI का पूरा कंप्यूट इंफ्रास्ट्रक्चर Nvidia के GPU पर ही आधारित है।
खरीद-फरोख्त नहीं, सालों की साझेदारी
सचिन कट्टी के मुताबिक, OpenAI और Nvidia का रिश्ता किसी सामान्य कारोबारी सौदे जैसा नहीं है। दोनों कंपनियां AI मॉडल और हार्डवेयर को सालों तक साथ मिलकर डिजाइन और डेवलप करती हैं।
OpenAI के बड़े और अत्याधुनिक AI मॉडल इसी लंबे और गहरे सहयोग का नतीजा हैं।
कंप्यूट क्षमता में जबरदस्त उछाल
पोस्ट में OpenAI की बढ़ती कंप्यूट जरूरतों का भी जिक्र किया गया।
- 2023 में OpenAI के पास लगभग 0.2 गीगावॉट कंप्यूट क्षमता थी
- 2024 में यह बढ़कर 0.6 गीगावॉट हो गई
- 2025 में कंपनी की कंप्यूट क्षमता करीब 1.9 गीगावॉट तक पहुंच गई
यह बढ़ोतरी AI के तेजी से बढ़ते इस्तेमाल को दर्शाती है।
इंफ्रेंस की मांग क्यों बढ़ रही है?
कट्टी ने बताया कि जैसे-जैसे
- यूजर्स की संख्या बढ़ रही है
- AI एजेंट्स ज्यादा हो रहे हैं
- और सिस्टम 24×7 एक्टिव रहने लगे हैं
वैसे-वैसे AI इंफ्रेंस की मांग भी तेज़ी से बढ़ रही है। इस मोर्चे पर Nvidia अब भी परफॉर्मेंस, एफिशिएंसी और भरोसे के मामले में सबसे आगे है।
भविष्य को चाहिए कई गुना ज्यादा कंप्यूट
OpenAI ने माना कि आने वाले समय में दुनिया को मौजूदा क्षमता से कई गुना ज्यादा कंप्यूट पावर की जरूरत होगी। इसी कारण Nvidia को कंपनी ने अपने AI ट्रेनिंग और इंफ्रेंस सिस्टम की रीढ़ बनाया है।
हालांकि, OpenAI सिर्फ एक विकल्प पर निर्भर नहीं रहना चाहता। कंपनी Cerebras, AMD और Broadcom जैसी कंपनियों के साथ भी काम कर रही है, ताकि
- सिस्टम तेजी से स्केल हो सके
- AI ज्यादा जगहों तक पहुंचे
- और परफॉर्मेंस व भरोसे से कोई समझौता न हो
साफ संदेश
OpenAI का यह बयान साफ करता है कि Nvidia के साथ उसकी साझेदारी टूटी नहीं, बल्कि और मजबूत हुई है। AI के भविष्य की नींव इसी गहरी टेक्नोलॉजी पार्टनरशिप पर टिकी हुई है।



