छत्तीसगढ़ के बच्चों के सपनों को मिले पंख: रायपुर में पहले अंतरिक्ष केंद्र का शुभारंभ, CM साय बोले—अब हर जिले में होगा स्पेस सेंटर

रायपुर | 3 फरवरी 2026
छत्तीसगढ़ के बच्चों और युवाओं के अंतरिक्ष विज्ञान से जुड़ने का सपना अब ज़मीन पर उतर आया है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने नवा रायपुर के राखी में प्रदेश के पहले अंतरिक्ष केंद्र का शुभारंभ किया। इस मौके पर उन्होंने बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि ‘अंतरिक्ष संगवारी’ पहल के तहत राज्य के सभी जिलों में अंतरिक्ष केंद्र खोले जाएंगे।
मुख्यमंत्री ने कहा कि यह केंद्र केवल एक इमारत नहीं, बल्कि युवा सपनों को पूरा करने की प्रयोगशाला है, जहां बच्चे किताबों से आगे बढ़कर प्रयोग और अनुसंधान के जरिए विज्ञान को समझ सकेंगे। उन्होंने कहा कि अंतरिक्ष विज्ञान आज सिर्फ जिज्ञासा नहीं, बल्कि करियर और रोजगार का बड़ा क्षेत्र बन चुका है।
ग्रुप कैप्टन शुभांशु शुक्ला बोले—यह मेरी नहीं, पूरे भारत की अंतरिक्ष यात्रा
कार्यक्रम में मौजूद ग्रुप कैप्टन और अंतरिक्ष यात्री शुभांशु शुक्ला ने अपने अंतरिक्ष मिशन के अनुभव साझा किए। उन्होंने कहा कि 41 साल बाद भारत की अंतरिक्ष में वापसी सिर्फ एक व्यक्ति की नहीं, बल्कि पूरे देश की उपलब्धि है।
उन्होंने बताया कि 20 दिन के मिशन में पृथ्वी की 320 बार परिक्रमा की और करीब 1.4 करोड़ किलोमीटर की दूरी तय की।
उन्होंने बच्चों से कहा कि जैसे परीक्षा के समय घबराहट होती है, वैसे ही रॉकेट लॉन्च के वक्त भी होता है, लेकिन मेहनत और आत्मविश्वास कभी बेकार नहीं जाते।
खेती, मौसम और सुरक्षा—सबको मिलेगा फायदा
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि इस केंद्र के जरिए बच्चों को सैटेलाइट निर्माण, मौसम पूर्वानुमान, ट्रैकिंग और क्लाउड मैपिंग जैसे क्षेत्रों में प्रशिक्षण मिलेगा।
उन्होंने बताया कि इससे किसानों को सटीक मौसम और फसल की जानकारी, राष्ट्रीय सुरक्षा में सैटेलाइट तकनीक और तकनीक आधारित रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
मंत्रियों ने बताया दूरदर्शी पहल
- कौशल विकास मंत्री गुरु खुशवंत साहेब ने कहा कि शुभांशु शुक्ला की यात्रा युवाओं के लिए प्रेरणा है।
- प्रभारी मंत्री केदार कश्यप ने इसे आने वाली पीढ़ी को भविष्य से जोड़ने वाली पहल बताया।
कार्यक्रम में विधायक मोतीलाल साहू, अनुज शर्मा, इंद्र कुमार साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष नवीन अग्रवाल, कलेक्टर गौरव सिंह सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और स्कूली बच्चे मौजूद रहे।
डीपीएस और सैनिक स्कूल राजनांदगांव के छात्रों ने शुभांशु शुक्ला को पोर्ट्रेट भेंट किया।



