छत्तीसगढ़ में जनजाति गौरव दिवस की गूंज तेज—बिरसा मुंडा जयंती वर्षभर मनाने की तैयारी, अंबिकापुर आएंगी राष्ट्रपति मुर्मू; मंत्री रामविचार नेताम बोले—मोदी का मॉडल बदलेगा जनजाति समाज की तस्वीर

रायपुर। कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने गुरुवार को कृषि विश्वविद्यालय के कृषक सभागार में आयोजित पत्रकार वार्ता में कहा कि 15 नवंबर 2024 से 15 नवंबर 2025 तक पूरा वर्ष भगवान बिरसा मुंडा की जयंती के उपलक्ष्य में जनजाति गौरव दिवस के रूप में मनाया जा रहा है। इस अवधि में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के छत्तीसगढ़ प्रवास के दौरान आदिवासी समाज के महानायकों की गाथा और स्वतंत्रता संग्राम में उनके योगदान को दर्शाते संग्रहालय का लोकार्पण होना इतिहास को जीवंत करता है।
कृषि मंत्री ने बताया कि जनजाति गौरव दिवस के अवसर पर प्रदेशभर में कार्यक्रमों की श्रृंखला चल रही है। स्वाधीनता संग्राम में योगदान देने वाले जनजाति समाज के महापुरुषों के पैतृक ग्राम, जन्मस्थल और स्मारकों पर विशेष आयोजन किए जा रहे हैं। भारत सरकार की विभिन्न जनजाति-केंद्रित योजनाओं पर आधारित प्रदर्शिनियाँ भी जगह-जगह लगाई जा रही हैं।
नेताम ने कहा कि 15 नवंबर को सभी जिलों में विशेष कार्यक्रम होंगे और पिछले पखवाड़े में हुए आयोजनों की जानकारी भी साझा की जाएगी। आदिवासी लोक-कला को प्रोत्साहित करने के लिए ब्लॉक और जिला स्तर पर प्रतियोगिताएँ आयोजित की जा रही हैं। इनका समापन 19 और 20 नवंबर को सरगुजा जिले के अंबिकापुर में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू की उपस्थिति में होगा। उन्होंने कहा, “यह छत्तीसगढ़ के लिए सौभाग्य की बात है कि जनजाति गौरव दिवस पर राष्ट्रपति का सान्निध्य प्राप्त होगा।”
कृषि मंत्री ने बताया कि लगभग 6,650 आदि आदर्श ग्रामों को जन-जागरण के लिए चयनित किया गया है। इन ग्रामों में वाद-विवाद, भाषण, निबंध, गायन जैसी प्रतियोगिताएँ आयोजित हो रही हैं और जनजातीय महापुरुषों की जीवन गाथा से लोगों को परिचित कराया जा रहा है। उनके प्रतिमा स्थलों पर स्वच्छता अभियान भी चलाए जा रहे हैं। हर ग्राम पंचायत में योजनाओं के लाभार्थियों का सम्मेलन और विकास संबंधी गतिविधियाँ निरंतर संचालित की जा रही हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दृष्टिकोण के अनुरूप जनजाति समाज के विकास के लिए विशेष योजनाएँ जैसे आदि आदर्श ग्राम, पीएम जन-मन योजना, विशेष पिछड़ी जनजातियों के लिए सुविधाएँ और आदि कर्मयोगी योजना प्रभावी रूप से लागू की जा रही हैं। जनजाति समाज के सर्वतोमुखी विकास के लिए 80 हजार करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है और सभी योजनाओं की मॉनिटरिंग की जा रही है।
पत्रकार वार्ता में भाजपा मीडिया संयोजक हेमंत पाणिग्रही और सोशल मीडिया प्रभारी मितुल कोठारी भी उपस्थित थे।



